लखनऊ- 18 अक्तूबर 2018, भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के राज्य सचिव मण्डल ने
स्वतन्त्रता संग्राम सेनानी, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री, पूर्व केन्द्रीय मंत्री, पूर्व राज्यपाल, धर्मनिरपेक्ष मूल्यों को समर्पित, उदार, सहज तथा लोकप्रिय नेता श्री नारायण दत्त तिवारी के निधन पर गहरा शोक व्यक्त
किया है। पार्टी ने शोक संतप्त परिवार और उनके सगे- संबंधियों के प्रति सहानुभूति प्रकट
करते हुये उन्हें इस पीढ़ा को सहन कर पाने में समर्थ होने की कामना की है।
यहां जारी एक प्रैस बयान
में पार्टी के राज्य सचिव डा॰ गिरीश ने कहाकि श्री तिवारी आजीवन सांप्रदायिकता, जातिवाद और विभाजन की राजनीति का विरोध करते रहे।
सत्ता पक्ष में और सत्तासीन रहते हुये भी उन्होने सभी को सहज सम्मान दिया और विपक्ष
की बात को भी पूरा महत्व दिया। मौजूदा व्यवस्था में विकास की तमाम सीमाओं के बावजूद
उन्होने उत्तर प्रदेश एवं उत्तराखंड के विकास को हर संभव प्रयत्न किया। आम जनता के
लिए भी वे सहजता से उपलब्ध्द रहे। उनका जीवन आज के दंभी, मौकापरस्त और फूटपरस्त नेताओं के लिए एक गहरे सबक
की तरह है। उनके निधन से सादगी, मिलनसारिता और सबके प्रति मैत्री भाव के एक युग की सामाप्ति होगयी है, जिसको पुनर्जीवित करने के प्रयास किये जाने चाहिये।
उत्तर प्रदेश भाकपा उन्हें श्रध्दा सुमन अर्पित करती है।