फ़ॉलोअर
बुधवार, 29 जून 2011
ताकतवर कम्युनिस्ट आंदोलन गारंटी करेगा मजबूत भारत की - ए.बी. बर्धन
मानस (पंजाब) में विशाल रैली
ताकतवर कम्युनिस्ट आंदोलन गारंटी करेगा मजबूत भारत की - ए.बी. बर्धन
5 जून को मानसा पंजाब में युवा कामरेड श्योपॉल पाला की पहली पुणयतिथि पर एक राज्य स्तर विशाल रैली और आम सभा का अयोजन किया गया। आमसभा की अध्यक्षता बूटा सिंह ने की। सभा को संबोधित करने वालों में भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी की राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य जोगेन्दर दयाल पार्टी के राज्य सचिव निर्मल सिंह धालीवाल और पंजाब राज्य सचिव मंडल के सदस्य हरदेव अर्शी के अलावा भाकपा महासचिव ए.बी. बर्धन भी शामिल थे।
रैली मंे युवा एवं महिलाऐं भारी संख्या में शामिल थी। वक्ताओं ने युवा का. श्योपॉल को श्रद्धाजंलि अर्पित की जिन्होंने स्वयं को मेहनतकशों के लिए प्रतिबद्ध कर रखा था और जो एक अच्छे आंदोलनकारी और एक विनम्र कम्युनिस्ट थे।
हरदेव अर्शी ने अत्यधिक गर्मी के बावजूद सभा में शामिल होने के लिए आये विशाल जनसमुदाय का स्वागत करते हुए का. श्योपॉल के जीवन और युवा एवं कम्युनिस्अ आंदोलन को उनके योगदान के बारे में बताया। इस बवसर पर का. शिवपाल के पिता का. रूपचंद्र भी वहां मंच पर उपस्थित थे। अर्शी ने बताया की रैली की तैयारियों के दौरान आम लोगों मंे उत्साहपूर्वक पार्टी को चंदा दिया। उन्होंने इस तरह चंदे से जमा पांच लाख रुपयों और रैली में खर्च का अकाउंट सार्वजनिक तौर पर बताया और कहा कि भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी एक पारदर्शी पार्टी है, और जो जनता उस पर आस्था रखती है उसके प्रति उत्तरदायी है।
ए.बी. बर्धन ने रैली को संबोधित करते हुए यूपीए-दो सरकार की जनविरोधी नीतियों के विरूद्ध भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी द्वारा चलाये जा रहे निरंतर संघर्ष में अधिकाधिक संख्या में शामिल होने के लिए जनता से अपील की। पार्टी लगातार बढ़ती महंगाई, खाद्य सुरक्षा, भूमि अधिग्रहण, बढ़ते भ्रष्टाचार और योजना आयोग द्वारा पेश गरीबी की परिभाषा के मुद्दों पर राष्ट्रव्यापी संघर्ष चला रही है। बर्धन ने कम्युनिस्ट विरोधी अभियान और कार्पोरेट मीडिया के इस दावे को अनर्गल बताया कि पश्चिम बंगाल में हार के बाद कम्युनिस्ट पूरी तरह हाशिये पर चले गये हैं। उन्होंने कहा कि 34 वर्ष के शासन के बाद चुनावी हार का ये मतलब नहीं कि कम्युनिस्ट खत्म हो गये हैं। भूलना नहीं चाहिये कि ताकतवर कम्युनिस्ट आंदोलन ही भारत को मजबूत बना सकता है। यह कम्युनिस्टांे का ही विश्वास नहीं है बल्कि भारत के व्यापक लोकतांत्रिक एवं प्रगतिशत तबकों का भी यही विचार है। उन्होंने जोर देकर कहा कि सरकार राष्ट्रविरोधी, जन विरोधी नीतियों-उन नवउदारवाद की नीतियों को जो मजदूर विरोधी, किसान विरोधी और मोटे तौर पर जन विरोधी हैं उन्हें यदि किसी ने लगातार चुनौती दी है और उनके खिलाफ निरंतर संघर्ष किया है तो वह भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी है, अन्य वामपंथी पार्टियां और वामपंथी जनसंगठन हैं। यदि इन नीतियों का जबर्दस्त विरोध न किया गया होता तो सरकार अब तक सार्वजिक क्षेत्र को सारे के सारे को बेच चुकी होती, सामाजिक सुरक्षा की सारी बातें बाजार के हवाले की जा चुकी होती।
बर्धन ने कहा कि कम्युनिस्ट संसद में कम संख्या में होते हुए भी मेहनतकश लोगों, समाज के कमजोर तबकों के हितों को बुलंद करने वाली सबसे बड़ी आवाज हैं। उन्होंने पार्टी के कार्यकर्ताओं हमदर्दो और समर्थकों से अपील की कि जनता एवं राष्ट्र हित में संघर्ष को तेज करने के लिए आगे बढ़े।
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के केन्द्रीय सचिवमंडल की सदस्य और एटक की राष्ट्रीय सचिव अमरजीत ने रैली को संबोधित करते हुए कहा कि यूपीए-दो सरकार देश में बढ़ते हुए भ्रष्टाचार और बढ़त हुई महंगाई के लिए जिम्मेदार है। महंगाई के कारण लोगों का जीना मुश्किल हो गया है। यूपीए-दो सरकार के कार्यकाल में इतने घोटाले सामने आये हैं कि पुराने रिकार्ड ही टूट गये है। यह भ्रष्टाचार, महंगाई और कालेधन की सरकार है। भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी तो बहुत पहले से ही भ्रष्टाचार के विरूद्ध आवाज उठाती आयी हैै। पार्टी ने 42 साल पहले ही भ्रष्टाचार से निपटने के लिए कानून बनाने की मांग उठायी थी।
भाकपा नेता इन्द्रजीत गुप्त ने जब वह देवेगौड़ा सरकार में गृहमंत्री थे लोकपाल बिल लाने की प्रक्रिया को शुरू किया था।
अमरजीत कौर ने कहा कि भ्रष्टाचार पूंजीवादी व्यवस्था और नवउदार आर्थिक नीतियों का नतीजा है। ये नीतियां अभूतपूर्व पैमाने पर बढ़ते भ्रष्टाचार के लिए जिम्मेदार हैं। उन्होंने कहा कि भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी भ्रष्टाचार विरोधर हर अभियान का समर्थन करती है पर ऐसे किसी अभियान में शामिल होना पसंद नहीं करेगी जो कार्पोरेट घरानों द्वारा प्रायोजित या समर्थित हो या जिसे ऐसे लोग चला रहे हों जो स्वयं भ्रष्टाचार में डूबे हैं। उन्होंने जोर दिया कि भ्रष्टाचार को खत्म करने के लिए व्यवस्था को बदलने की जरूरत है। उन्होंने मांग की कि 1894 के भूमि अधिग्रहण कानून को बदला जाये, उसे आदिवासियों और किसानों के हितों को ध्यान में रखकर बनाया जाये। उन्होंने ससंद और विधानसभाओं में महिलाओं के अधिक प्रतिनिधित्व की मांग को दोहराया।
जोगेन्दर दयाल और निर्मल धालीवाल ने अपने संबोधनों में पंजाब की अकाली दल-भाजपा सरकार की भर्त्सना करते हुए कहा कि यह सरकार पंजाब की अर्थव्यवस्था को तबाह कर रही है। पंजाब एक बार कांग्रेस की तो दूसरी बार अकालियों की सरकारों को भुगत रहा है जिनमें चंद लोग भ्रष्ट तरीकों से अथाह संसाधनों पर कब्जा कर रहे हैं और किसान आत्महत्या कर रहे हैं। पंजाब में भयानक बेरोजगारी है और पंजाब के लोगों के ऊपर 35000 करोड़ रुपये का कर्ज है। कानून का राज काम नहीं करता, अपराध बढ़ रहे हैं। इन सरकारों के कार्यकाल में इन पार्टियों के कई नेता और मंत्री घोटालों में शामिल रहे हैं। बादल सरकार जन आंदोलन को कुचलने और दबाने के लिए, रोजगार कम करने के लिए, मजदूरी घटाने के लिए नये कानून लेकर आयी है।
उन्होंने जनता का आह्वान किया कि ऐसी जन विरोधी पार्टियांें और ताकतों को हटाने के लिए तैयारियां करे और आगामी चुनावों में वामपंथी और लोकतांत्रिक विकल्प के लिए रास्ता तैयार करे।
रैली के अवसर पर पार्टी की मानसा जिला ईकाई ने राज्य पार्टी को 31,000 रुपये की राशि भेंट की। का. श्योपॉल की पत्नी श्रीमती ऊषा और उनके परिवार के लोग इस विशाल स्मृति रैली में मंच पर उपस्थित थे। रैली के दौरान सांस्कृतिक जत्थे ने क्रांतिकारी गीत गाये।
सदस्यता लें
टिप्पणियाँ भेजें (Atom)
मेरी ब्लॉग सूची
-
CPI Condemns Attack on Kanhaiya Kumar - *The National Secretariat of the Communist Party of India issued the following statement to the Press:* The National Secretariat of Communist Party of I...7 वर्ष पहले
-
No to NEP, Employment for All By C. Adhikesavan - *NEW DELHI:* The students and youth March to Parliament on November 22 has broken the myth of some of the critiques that the Left Parties and their mass or...9 वर्ष पहले
-
रेल किराये में बढोत्तरी आम जनता पर हमला.: भाकपा - लखनऊ- 8 सितंबर, 2016 – भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के राज्य सचिव मंडल ने रेल मंत्रालय द्वारा कुछ ट्रेनों के किराये को बुकिंग के आधार पर बढाते चले जाने के कदम ...9 वर्ष पहले
Side Feed
Hindi Font Converter
Are you searching for a tool to convert Kruti Font to Mangal Unicode?
Go to the link :
https://sites.google.com/site/technicalhindi/home/converters
Go to the link :
https://sites.google.com/site/technicalhindi/home/converters
लोकप्रिय पोस्ट
-
पीएम मोदी के कार्यक्रम पर रोक न लगाने का निर्णय अविवेकी एवं पक्षपातपूर्ण भाकपा ने निर्वाचन आयोग से पुनर्विचार करने की मांग की लखनऊ-...
-
लखनऊ- भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी उत्तर प्रदेश के सचिव एवं भाकपा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य डा. गिरीश ने कहाकि यह कैसा रामराज्य ह...
-
Thaindian News carried the following item today :26 June 2010 16:14:39 by IANS Hundreds of workers of the Communist Party of India (CPI) sta...
-
बैलट से ही कराये जायें निकाय चुनाव: भाकपा लखनऊ- 13 अप्रेल 2017, भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के राज्य सचिव मंडल ने मांग की है कि आगामी जुलाई से...
-
बिजली की बड़ी दरों के खिलाफ भाकपा ने जिलों में विरोध प्रदर्शन आयोजित किये लखनऊ- 11 सितंबर 2019 , उत्तर प्रदेश की योगी सरकार द्वारा 21 म...
-
मिर्जापुर में मीडियाकर्मी के विरूध्द एफआईआर दर्ज किये जाने की भाकपा ने निन्दा की लखनऊ- 3 , सितंबर 2019 , भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी...
-
कैराना और नूरपुर में भाजपा की हार पर भाकपा ने मतदाताओं को दी बधाई कारपोरेटों को मालामाल और आमजनों को कंगाल बनाने का नतीजा हैं यह परिणाम...
-
कैराना लोकसभा और नूरपुर विधान सभा क्षेत्रों का प्रचार थमने और मतदान से पहले होने जारही मोदी की बागपत रैली और लोकार्पण कार्यक्रम पर रोक लग...
-
Hindustan Times today carried the following news : AgenciesNew Delhi, June 26, 2010First Published: 13:16 IST(26/6/2010)Last Updated: 19:10 ...
-
“यदि सरकार ने कोरोना से जंग के लिये नीतियां तय करने से पहले महामारीविदों और अन्य विशेषज्ञों से राय ली होती तो स्थिति इतनी नहीं बिगड़ती...



1 comments:
वर्धन जी की यह बात -व्यवस्था परिवर्तन द्वारा ही भ्रष्टाचार को समाप्त किया जा सकता है प्रचारित की जानी चाहिए.
एक टिप्पणी भेजें